
बिहार में प्रशासनिक स्तर पर बड़ा हलचल मच गया है। राज्य के गृह विभाग ने एक झटके में 71 आईपीएस अधिकारियों के तबादले के आदेश जारी कर दिए हैं। यह फैसला कानून-व्यवस्था को मजबूत करने और अपराध पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से लिया गया है।
आदेशों में पुलिस अधीक्षकों, डीआईजी और आईजी स्तर के अधिकारियों को नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। पटना, मुजफ्फरपुर समेत कई संवेदनशील जिलों में बड़े बदलाव हुए हैं। नक्सल प्रभावित इलाकों और सीमावर्ती क्षेत्रों में अनुभवी अफसरों को भेजा गया है।
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व वाली सरकार ने इस तबादले को कैडर समीक्षा के तहत अंजाम दिया। सूत्रों के अनुसार, अपराध दर, जन शिकायतें और चुनावी तैयारियों को ध्यान में रखा गया।
पटना ग्रामीण एसपी जैसे महत्वपूर्ण पदों पर नई नियुक्तियां हुई हैं। साइबर क्राइम और विशेष शाखाओं के प्रमुखों का भी पुनर्वितरण किया गया। विशेषज्ञों का मानना है कि इससे पुलिस की कार्यक्षमता बढ़ेगी।
पिछले कुछ महीनों में कई दौर के तबादले हो चुके हैं। यह कदम बिहार पुलिस को गतिशील बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण है। अब नई टीम पर नजरें टिकी हैं कि वे चुनौतियों का कैसे सामना करती हैं।