
पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद जिले के बेलडांगा में बाबरी मस्जिद जैसी संरचना का निर्माण कार्य शुरू हो गया है। जनता उन्नयन पार्टी के अध्यक्ष और विधायक हुमायूं कबीर द्वारा तैयार इस योजना के तहत बुधवार दोपहर ईंटें現場 पर पहुंचीं। तृणमूल कांग्रेस से निलंबित कबीर का यह कदम राजनीतिक हलचल मचा रहा है।
कबीर के सहयोगी ने बताया कि कार्यक्रम दोपहर 12 से 1 बजे के बीच आरंभ हुआ। गुरुवार से नादिया के पलाशी से 100 वाहनों वाली रैली निकलेगी, जिसमें प्रत्येक वाहन में 6 लोग होंगे, कुल 600 प्रतिभागी। यह 265 किलोमीटर लंबी यात्रा उत्तरी दिनाजपुर के इटाहार तक जाएगी।
रैली का मकसद स्वार्थी तत्वों द्वारा फैलाई जा रही गलत अफवाहों का खंडन करना है। कबीर ने कहा, “निर्माण तीन साल में पूरा होगा, लागत 55 करोड़ रुपये। मुख्य द्वार 14 मीटर ऊंचा और 5 मीटर चौड़ा होगा, जिसकी कीमत ही 5 करोड़ है।”
यह संरचना अयोध्या की मूल बाबरी मस्जिद से प्रेरित है, जिसकी नींव पिछले 6 दिसंबर को रखी गई। विरोधियों से कहे, “हट जाओ। लोग अपने धर्म का पालन करने और मंदिर-चर्च बनवाने के लिए स्वतंत्र हैं। यह थोपना नहीं है।”
भारतपुर विधायक कबीर ने अपनी पार्टी बनाई और विधानसभा चुनावों के लिए भाजपा-तृणमूल विरोधी गठबंधन का आह्वान किया, हालांकि ओवैसी की एआईएमआईएम को छोड़ अधिक प्रगति नहीं।
बंगाल में यह घटना धार्मिक स्वतंत्रता और राजनीति के टकराव को उजागर करती है, जो आने वाले चुनावों को प्रभावित कर सकती है।