
लखनऊ। भाजपा नेत्री अपर्णा यादव ने किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (केजीएमयू) में धर्मांतरण और लव जिहाद का बड़ा सिंडिकेट चलने का गंभीर आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि यह संगठित गिरोह युवा छात्राओं को प्रेम के जाल में फंसा कर उनका धर्म परिवर्तन करा रहा है।
अपर्णा ने एक सभा में विस्तार से बताया कि उनके पास कई परिजनों की शिकायतें हैं, जिनमें हिंदू लड़कियों को निशाना बनाया जा रहा है। प्रेम विवाह का लालच देकर पहले शादी कराई जाती है, फिर जबरन धर्म बदलवाया जाता है। परिवारों को धमकियां दी जाती हैं ताकि वे चुप रहें।
केजीएमयू उत्तर प्रदेश का प्रतिष्ठित चिकित्सा संस्थान है, लेकिन अपर्णा के अनुसार प्रशासन की लापरवाही से इसकी छवि धूमिल हो रही है। उन्होंने मांग की कि राज्य सरकार उच्च स्तरीय जांच समिति गठित करे और खुफिया एजेंसियों को शामिल करे।
यह आरोप उस समय सामने आए जब पूरे देश में लव जिहाद और जबरन धर्मांतरण के खिलाफ सख्त कानून लागू हैं। अपर्णा ने योगी सरकार से तत्काल कार्रवाई की अपील की। उनके भाषण में मौजूद लोगों ने जोरदार तालियां बजाईं।
विपक्ष ने इसे राजनीतिक बयानबाजी बताया, लेकिन अपर्णा अडिग हैं। उन्होंने कानूनी लड़ाई लड़ने का ऐलान किया। केजीएमयू प्रशासन अभी चुप्पी साधे है। यह मामला अन्य शैक्षणिक संस्थानों के लिए भी चेतावनी है।
निष्कर्षतः, अपर्णा यादव के खुलासे ने छात्रावासों में सुरक्षा पर बहस छेड़ दी है। जांच के नतीजे इस सिंडिकेट को उजागर करेंगे और जरूरी सुधार सुनिश्चित करेंगे।