
लखनऊ। उत्तर प्रदेश के मंत्री संजय निषाद ने समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव पर जोरदार हमला बोला। उन्होंने कहा कि अखिलेश ने सत्ता की कमान संभाले हुए लंबा समय बिताया, लेकिन प्रदेश की जनता के लिए एक भी ठोस कदम नहीं उठाया। यदि ऐसा होता तो आज हालात अलग होते।
शुक्रवार को पत्रकारों से बातचीत में निषाद ने वर्तमान सरकार के निवेश आकर्षण प्रयासों का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि हम निवेश के रास्ते खोल रहे हैं तो विपक्ष को क्या आपत्ति है? समाजवादी पार्टी को बताना चाहिए कि उनके शासन में कितना निवेश आया और विकास की गति कैसे बढ़ाई। उनके पास दिखाने को कुछ नहीं, इसलिए अब हमारी जनकल्याणकारी योजनाओं पर सवाल उठा रहे हैं।
मंत्री ने कहा कि हम उत्तर प्रदेश को नंबर वन बनाने के लिए कटिबद्ध हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के वचनों को पूरा करना हमारा संकल्प है। विकास को गति देना हमेशा प्राथमिकता रहेगी। अविमुक्तेश्वरानंद की जमानत याचिका पर उन्होंने कहा कि न्यायिक प्रक्रिया सबका अधिकार है। केशव प्रसाद मौर्य को वीजा न मिलने पर भारत को मजबूत बनाने की जरूरत बताई। उमाशंकर मामले में जांच एजेंसियों के अधिकारों का समर्थन किया लेकिन मानवीय दृष्टिकोण अपनाने की सलाह दी।
विपक्ष की दुर्दशा पर निषाद ने कटाक्ष किया। जनता ने उन्हें खारिज कर दिया है। अस्तित्व बचाने को हर मुद्दे पर बयानबाजी कर रहे हैं, जो स्वीकार्य नहीं। बिना जनसंपर्क के उनकी कोई पूछ नहीं। इन टिप्पणियों को गंभीरता से लेने की जरूरत नहीं।
यह बयान भाजपा और सपा के बीच बढ़ते राजनीतिक संघर्ष को दर्शाता है, जहां विकास और शासन मुख्य मुद्दे हैं।