
पुणे के मावल तालुके के अढाले गांव स्थित गुरुकुल विद्यालय परिसर में महाराष्ट्र के दिवंगत पूर्व उपमुख्यमंत्री अजित पवार की प्रतिमा स्थापित की गई। इस विशेष अवसर पर ग्रामीणों, शिक्षकों, अभिभावकों और छात्रों की भारी भीड़ उमड़ी, जो उनके योगदानों को याद करने के लिए एकत्रित हुई।
संस्था के ट्रस्टी और भाजपा पुणे जिला पदाधिकारी सचिन घोटकुले ने बताया कि यह कदम छात्रों को प्रेरित करने के लिए उठाया गया है। अजित पवार के विकासपरक दृष्टिकोण, स्वच्छता अभियान, समाजसेवा के प्रति समर्पण और कुशल प्रशासन को दर्शाती यह प्रतिमा युवाओं में शिक्षा के साथ नैतिक मूल्यों का समावेश करेगी। अनुशासन, स्वच्छता और जिम्मेदार नागरिकता के गुण छात्रों में घर करेंगे।
वक्ताओं ने बुनियादी सुविधाओं, जल संरक्षण, ग्रामीण प्रगति, शिक्षा सुधार और किसान कल्याण में पवार की महत्वपूर्ण भूमिका पर प्रकाश डाला। उनके निर्णयों ने महाराष्ट्र को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाया।
कार्यक्रम में उम्मीद जताई गई कि यह प्रतिमा विद्यार्थियों को समाजसेवा, पारदर्शी शासन और जनहित के लिए प्रोत्साहित करती रहेगी। भविष्य में ऐसी पहलों से प्रेरक व्यक्तियों से जोड़ने का सिलसिला जारी रहेगा। अजित दादा हमेशा मददगार रहे—कोई खाली हाथ लौटा नहीं। यही उनकी लोकप्रियता का राज था।
जनवरी में प्लेन क्रैश से उनका निधन हुआ, जिसमें सुरक्षाकर्मी, दो पायलट और एक महिला सहित पांच जिंदगियां गईं। राज्य में तीन दिन राजकीय शोक रहा, सरकारी भवनों पर झंडा आधा झुका।