
मुंबई के मुंब्रा में राजनीतिक विवाद ने तूल पकड़ा था, लेकिन अब एआईएमआईएम की नवनिर्वाचित पार्षद सहर शेख ने अपने विवादास्पद बयान के लिए सार्वजनिक माफी मांग ली है। भाजपा नेता किरीट सोमैया की पुलिस शिकायत के बाद यह घटनाक्रम तेजी से बदला।
सोमैया ने एक्स पर पोस्ट कर बताया कि सहर शेख ने ‘मुंब्रा को हरा बना देंगे’ वाले बयान पर माफी मांगी। मुंब्रा थाने में शिकायत दर्ज कराने के बाद पुलिस ने पार्षद को नोटिस जारी किया और बयान दर्ज किया।
18 जनवरी की बैठक में दिए गए भाषण में शेख ने कहा था कि वे मुंब्रा को हरा बनाएंगी। सोमैया ने इसे पाकिस्तानी झंडे का संकेत बताते हुए सख्त कार्रवाई की मांग की।
पुलिस को सौंपी गई माफीनामे में शेख ने स्पष्ट किया कि हरा रंग उनकी पार्टी एआईएमआईएम के झंडे का प्रतीक था। ‘हम तिरंगे के लिए जीते हैं और तिरंगे के लिए मरते हैं। यदि बयान से किसी की भावनाएं आहत हुईं तो क्षमा याचना करती हूं,’ उन्होंने लिखा।
मुंब्रा पुलिस ने आइपीसी धारा 168 के तहत कार्रवाई की और पार्षद को थाने बुलाया। सोमैया की फॉलो-अप विजिट में उन्हें लिखित माफी की जानकारी दी गई।
यह मामला महाराष्ट्र की स्थानीय राजनीति में भाजपा और एआईएमआईएम के बीच बढ़ते तनाव को उजागर करता है। मुंब्रा जैसे इलाकों में सांप्रदायिक सद्भाव बनाए रखना चुनौतीपूर्ण है। सहर शेख का यह कदम विवाद को शांत करने में सफल रहा, लेकिन राजनीतिक बहसें जारी रहेंगी।