
हिंदू पंचांग में महाशिवरात्रि भगवान शिव पूजा का सर्वोच्च पर्व है। मान्यता है कि इसी रात्रि में भोले बाबा का माता पार्वती संग विवाह संपन्न हुआ तथा शिवलिंग रूप में दर्शन दिए। इस पावन अवसर पर कुछ सहज उपाय कर आप महादेव की अपार कृपा अर्जित कर सकते हैं।
सर्वप्रथम शिवलिंग पर गंगाजल अर्पित करें। शुद्ध मन से घर अथवा मंदिर में यह विधि करने से भोग-मोक्ष दोनों फल प्राप्त होते हैं।
सफेद वस्त्र धारण कर रुद्राभिषेक संपन्न करें, अधिमानतः सिलाई रहित धोती। इससे साधना बल बढ़ता है।
गाय का ताजा दूध शिवलिंग पर चढ़ाएं। यह तुरंत प्रसन्न करता है, परिवार में शांति व धनलाभ सुनिश्चित करता है।
सफेद चंदन-भस्म का तिलक लगाएं शिवलिंग पर, फिर मस्तक पर। आस्था प्रबल होती है, मानसिक सुकून व सकारात्मकता मिलती है।
रुद्राक्ष अर्पण कर लाल-सफेद धागे में धारण करें। शिवप्रिय यह वस्तु विशेष आशीष लाती है।
घर पर मिट्टी का शिवलिंग स्थापित कर विधि-पूर्वक पूजन करें। भगवान कृपा बरसाते हैं।
राहु-केतु पीड़ितों हेतु कुश-दूर्वा जल में घोलकर चढ़ाएं, 21 सफेद फूल समर्पित करें। दोष नाश होता है।
पूर्ण भक्ति से पूजा करें, क्रोध त्यागें। यही शिवाराधना का मूल मंत्र है।
आर्थिक संकट में स्फटिक शिवलिंग पर कच्चे दूध से रुद्राभिषेक। सुख-समृद्धि का वरदान मिलता है।
विद्वान पंडित से पारद शिवलिंग पूजन करवाएं। विशेष सिद्धि व सफलता के लिए उत्तम।
इन दस उपायों से महाशिवरात्रि पर शिवकृपा सुनिश्चित कर जीवन सुखमय बनाएं।