
साइटिका का दर्द पीठ के निचले हिस्से से शुरू होकर कूल्हों, जांघों और पैरों तक फैल जाता है, जो रोजमर्रा की जिंदगी को मुश्किल बना देता है। यह समस्या साइटिक नर्व पर दबाव या सूजन के कारण होती है। अच्छी खबर यह है कि योग के धनुरासन से साइटिका दर्द में तेजी से राहत मिल सकती है। साइटिका के लक्षणों में तेज चुभन भरा दर्द, सुन्नता, झनझनाहट और पैरों में कमजोरी शामिल हैं। ज्यादातर मामलों में स्लिप डिस्क या हड्डियों में स्पर्स इसके प्रमुख कारण होते हैं। लेकिन नियमित योग अभ्यास, आराम और फिजियोथेरेपी से इसे नियंत्रित किया जा सकता है।
धनुरासन साइटिका के लिए सबसे प्रभावी योगासन माना जाता है। यह आसन रीढ़ की हड्डी को मजबूत बनाता है, साइटिक नर्व पर दबाव कम करता है और पीठ दर्द से मुक्ति दिलाता है। आयुष विशेषज्ञों के मुताबिक, धनुरासन पाचन समस्याओं जैसे कब्ज, अपच और गैस को दूर करने में भी रामबाण है। यह पेट की मांसपेशियों को उत्तेजित कर अंगों को सक्रिय बनाता है। इसके अलावा, धनुरासन पीठ, कंधों और छाती की मांसपेशियों को मजबूत करता है, जिससे बॉडी पोस्चर सुधरता है और कमर दर्द खत्म होता है।
यह आसन पेट को टोनアップ कर चर्बी घटाने में मदद करता है, फेफड़ों की क्षमता बढ़ाकर अस्थमा जैसी सांस की बीमारियों में राहत देता है। तनाव, थकान दूर कर ऊर्जा प्रदान करता है। महिलाओं के लिए धनुरासन अनियमित माहवारी और पीरियड्स दर्द को नियंत्रित करने का बेहतरीन उपाय है। कुल मिलाकर, यह पूरे शरीर की लचीलापन बढ़ाता है और समग्र स्वास्थ्य सुधारता है।
धनुरासन कैसे करें: पेट के बल लेटें, दोनों पैरों की एड़ियां हाथों से पकड़ें। फिर छाती और जांघों को ऊपर उठाएं, शरीर को धनुष के आकार में मोड़ें। शुरुआत में 10-20 सेकंड तक करें, धीरे-धीरे समय बढ़ाएं। सावधानी: गर्भवती महिलाएं, हाई बीपी या गंभीर पीठ समस्या वाले डॉक्टर या योग एक्सपर्ट से सलाह लें। आज ही धनुरासन अपनाएं और साइटिका दर्द को कहें अलविदा!