केरल: वीणा जॉर्ज ने सर्वाइकल कॉलर लगाकर संभाला पदभार, हमलावरों की जमानत याचिका खारिज
केरल की स्वास्थ्य मंत्री वीणा जॉर्ज ने मंगलवार को चोट के बावजूद सर्वाइकल कॉलर पहनकर अपने कर्तव्यों का निर्वहन शुरू किया। उधर, कन्नूर अदालत ने उनके कथित हत्या के प्रयास के आरोपी पांच केएसयू...

केरल की स्वास्थ्य मंत्री वीणा जॉर्ज ने मंगलवार को चोट के बावजूद सर्वाइकल कॉलर पहनकर अपने कर्तव्यों का निर्वहन शुरू किया। उधर, कन्नूर अदालत ने उनके कथित हत्या के प्रयास के आरोपी पांच केएसयू कार्यकर्ताओं की जमानत याचिका ठुकरा दी। यह घटना विधानसभा चुनाव से ठीक पहले राजनीतिक विवादों को हवा दे रही है।
25 फरवरी को कन्नूर रेलवे स्टेशन पर ब्लैक फ्लैग प्रदर्शन के दौरान विपक्षी छात्र संगठन केएसयू के कार्यकर्ताओं ने मंत्री पर हमला बोल दिया। अभियोजन पक्ष का दावा है कि उन्होंने छोटे हथियार से गले पर दबाव डाला। घायल मंत्री को पहले जिला अस्पताल और फिर पेरियाराम मेडिकल कॉलेज ले जाया गया। वहां एक दिन रहने के बाद उन्होंने चिकित्सकीय सलाह के विरुद्ध डिस्चार्ज लेकर 350 किलोमीटर लंबी यात्रा कर पठानमथिट्टा पहुंचीं।
अदालत में बचाव पक्ष ने दलील दी कि यह केवल शांतिपूर्ण विरोध था। कोई हथियार जब्त नहीं हुआ, न ही हमले के औजार की पहचान हुई। मंत्री के शुरुआती बयान न देने पर भी टीवी साक्षात्कार दे चुकी थीं। लेकिन अभियोजन ने सीसीटीवी जांच और अन्य संदिग्धों की तफ्तीश का हवाला देकर हिरासत मांगी।
कोर्ट ने अभियोजन की दलीलों को सही ठहराते हुए जमानत अस्वीकार कर दी। आरोपी 5 मार्च को दोबारा पेश होंगे। 2021 चुनाव प्रचार के दौरान भी उन्हें इसी तरह कॉलर पहने देखा गया था। अब सोशल मीडिया पर विपक्ष समर्थक इसे 'नौटंकी' बता रहे हैं, जबकि एलडीएफ इसे साजिश करार दे रहा है।
चुनाव नजदीक आते ही यह मामला राजनीतिक ध्रुवीकरण को तेज कर रहा है। छात्र संगठनों की आक्रामकता और नेताओं की सुरक्षा पर सवाल उठ रहे हैं। वीणा जॉर्ज की हिम्मत सराहनीय है, लेकिन घटना से सबक लेना जरूरी।


