
उत्तराखंड के सीमांत जिले चमोली में केंद्र की आयुष्मान भारत वय वंदना योजना ने स्वास्थ्य सेवाओं को नई ऊंचाइयों पर पहुंचा दिया है। यहां 500 से ज्यादा पात्र लोगों को कार्ड जारी हो चुके हैं, जिनसे सूचीबद्ध अस्पतालों में निःशुल्क उपचार संभव हो रहा है।
स्थानीय निवासी अवल सिंह रावत ने बताया कि अस्पताल में भर्ती होने पर आयुष्मान कार्ड ने पूरा खर्च उठाया। पहले इलाज के लिए दूर जाना और पैसे जुटाना मुश्किल था, लेकिन अब यह योजना बड़ी मदद साबित हो रही है।
भीम सिंह ने भी अपनी कहानी साझा की। लंबे समय से बीमार चल रहे थे, डॉक्टर ने भर्ती की सलाह दी। सभी जांचें और दवाइयां मुफ्त मिलीं। उन्होंने सभी से कार्ड बनवाने की अपील की।
पहाड़ी इलाकों में अस्पताल दूर, सड़कें कठिन और आर्थिक तंगी ने हमेशा चुनौतियां खड़ी कीं। यह योजना इन बाधाओं को दूर कर रही है, खासकर बुजुर्गों को प्राथमिकता दे रही है।
स्वास्थ्य कर्मी गांव-गांव जाकर पंजीकरण करा रहे हैं। इससे गरीब परिवारों को राहत मिली है और अंतिम व्यक्ति तक स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंच रही हैं। योजना का असर जिले भर में दिख रहा है।