
टेलीविजन के चहेते अभिनेता शरद मल्होत्रा कोलकाता लौटने के पूरे इरादे में थे। मुंबई की चकाचौंध से तंग आकर वे घर वापस जाने को तैयार हो चुके थे, लेकिन तभी उनकी अंतरात्मा की आवाज ने सब कुछ बदल दिया। यह वह पल था जिसने उनकी जिंदगी की दिशा ही मोड़ दी।
‘बड़े अच्छे लगते हैं’ और ‘कसौटी जिंदगी की’ जैसे सीरियलों से घर-घर मशहूर शरद को इंडस्ट्री की भागदौड़ से ऊब चुके थे। कोलकाता की शांति, परिवार की गोद उन्हें लुभा रही थी। टिकट बुक, सामान पैक—सब तैयार था।
अचानक एक रात अंतरात्मा ने सवाल उठाए। अधूरे सपने, छूटे मौके—ये सब दांव पर लगाना ठीक? उस आवाज को सुनकर शरद रुक गए। मुंबई में ही डटे रहे।
निर्णय ने कमाल कर दिया। ‘नागिन 6’ में लीड रोल मिला, गाने रिलीज हुए, प्रोडक्शन में कदम रखा। सूरभि ज्योति से शादी ने जिंदगी को परफेक्ट बना दिया। आज शरद सफलता की नई ऊंचाइयों पर हैं।
शरद की कहानी सिखाती है कि जीवन के मोड़ पर अंतरात्मा ही सच्चा मार्गदर्शक होती है। लाखों युवाओं के लिए यह प्रेरणा का स्रोत है।