
प्रसिद्ध संगीतकार राकेश कुमार पाल ने खुलासा किया कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के सौ वर्ष पूरे होने पर बनी फिल्म ‘शतक’ के लिए गाना लिखना उनके जीवन का सबसे चुनौतीपूर्ण कार्य साबित हुआ। यह फिल्म संघ के गौरवशाली सफर को बड़े पर्दे पर उतारने वाली महत्वाकांक्षी परियोजना है।
आरएसएस की स्थापना 1925 में डॉ. केशव बलिराम हedgewar ने की थी। ‘शतक’ में स्वतंत्रता संग्राम से लेकर विभाजन, आपातकाल और सामाजिक सेवा तक के दौर को दर्शाया गया है। पाल ने बताया कि गीत में देशभक्ति, त्याग और अनुशासन की भावना को समेटना आसान नहीं था।
शोध के दौरान उन्होंने संघ के अभिलेखागार, स्वयंसेवकों की कहानियां और प्रमुख घटनाओं का गहन अध्ययन किया। गीत को शाखा की सादगी और संघ की वैचारिक गहराई के साथ जोड़ना पड़ा। देश के विभिन्न भागों में फिल्मांकन के कारण स्थानीय लोक धुनों का समावेश भी चुनौती बना।
फिल्म निर्देशकों और संघ के वरिष्ठों के साथ लंबी चर्चाओं के बाद गीत अंतिम रूप ले सका। 2025 में संघ के शताब्दी वर्ष पर रिलीज होने वाली ‘शतक’ में यह गीत भावुक क्षणों का केंद्र बनेगा। पाल का मानना है कि यह रचना नई पीढ़ी को संघ के मूल्यों से जोड़ेगी।
यह फिल्म न केवल मनोरंजन करेगी, बल्कि भारतीय सांस्कृतिक पुनरुत्थान की कहानी को जीवंत करेगी। संगीत के माध्यम से इतिहास को संजोना एक अनूठा प्रयास है।