
मुंबई पुलिस ने फिल्ममेकर रोहित शेट्टी के बंगले के बाहर गोलीबारी की सनसनीखेज घटना में कड़ा रुख अपनाया है। गिरफ्तार पांचों आरोपियों पर महाराष्ट्र संगठित अपराध नियंत्रण अधिनियम (मकोका) लगा दिया गया। स्पेशल कोर्ट ने बुधवार को उनकी पुलिस हिरासत 17 फरवरी तक बढ़ा दी।
प्रारंभिक कस्टडी समाप्त होने पर कोर्ट में पेशी हुई। क्राइम ब्रांच ने 15 दिनों की मांग की, लेकिन अदालत ने सीमित अवधि स्वीकार की। मकोका का इस्तेमाल संगठित गैंग्स, वसूली और आतंक फैलाने वालों के खिलाफ होता है, जो बेल मुश्किल बनाता है।
घटना के बाद 12 टीमों ने छापेमारी तेज कर दी। जल्द ही पांचों को धर दबोचा गया। पूछताछ में फरार शुभम लोनकर का नाम उभरा, जो मुंबई में ‘बड़ा धमाल’ मचाने की साजिश रच रहा था। सिग्नल ऐप पर संपर्क और 40 हजार रुपये का ट्रांसफर सामने आया।
शुभम ने भाई प्रवीण को तीन हथियार सौंपे, जो आरोपियों तक पहुंचे। प्रवीण अब हिरासत में है। पुलिस का मानना है कि साजिश बड़ी स्तर की हो सकती है। शुभम की तलाश में निगरानी बढ़ा दी गई है।
यह मामला बॉलीवुड में सुरक्षा चिंताओं को उजागर करता है। मकोका से पुलिस को मजबूत हथियार मिला है, जो अपराधियों को जड़ से उखाड़ फेंकेगा।