
राजेंद्र चावला ने साफ कहा कि वे अपनी बेटियों और परिवार के लिए अपनी जान की भी बाजी लगा सकते हैं। यह बयान राजनीतिक हलचलों के बीच आया है, जब परिवार पर हमलों की खबरें सुर्खियां बटोर रही हैं।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में चावला ने भावुक अंदाज में अपनी बात रखी। उन्होंने जोर देकर कहा कि परिवार उनके लिए सर्वोपरि है। राजनीति के कठिन दौर में भी वे अपने अपनों की रक्षा के लिए किसी भी हद तक जाएंगे।
हाल की घटनाओं ने चावला के परिवार को निशाना बनाया। विपक्षी दलों के आरोपों ने निजी जीवन को सार्वजनिक मंच पर ला खड़ा किया। ऐसे में चावला का यह बयान समर्थकों के बीच जोश भरने वाला साबित हो रहा है।
चावला का राजनीतिक सफर संघर्षों से भरा रहा है। स्थानीय स्तर से विधानसभा तक उन्होंने कई मोर्चों पर जीत हासिल की। लेकिन परिवार के मोर्चे पर उनकी निष्ठा अब चर्चा का केंद्र बनी हुई है।
चुनावी माहौल में यह बयान चावला के पक्ष में वोटरों को प्रभावित कर सकता है। विश्लेषकों का मानना है कि पारिवारिक मूल्यों पर जोर देने से उनकी छवि मजबूत होगी।
कुल मिलाकर, चावला का संकल्प राजनीति से इतर एक पिता की भावनाओं को दर्शाता है। यह देखना दिलचस्प होगा कि आने वाले दिनों में यह बयान कितना असर दिखाता है।