
मुंबई के प्रतिष्ठित काला घोड़ा आर्ट्स फेस्टिवल में अनुपम खेर की फिल्म ‘तन्वी द ग्रेट’ ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। इस खास प्रदर्शन के बाद अभिनेता ने सोशल मीडिया पर अपनी भावनाएं उड़ेल दीं और आयोजकों का दिल से आभार जताया।
इंस्टाग्राम पर तस्वीरें साझा करते हुए अनुपम ने फेस्टिवल की शानदार व्यवस्था, माहौल और स्वयंसेवकों की मेहनत की खूब तारीफ की। उन्होंने लिखा कि ऐसी ऐतिहासिक जगह पर फिल्म दिखाने का सौभाग्य मिलना उनके लिए गौरव का विषय है।
स्क्रीनिंग के दौरान दर्शकों की प्रतिक्रिया देखते ही बन रही थी। तालियों की गड़गड़ाहट, हंसी के ठहाके और आंसुओं भरी आंखें—सब कुछ फिल्म के प्रभाव को बयां कर रहा था। मॉडरेटर जूही चतुर्वेदी ने सत्र को बेहद संवेदनशीलता से संचालित किया।
प्रश्नोत्तर सत्र में एक दर्शक भावुक हो उठे। उन्होंने शुभांगी दत्त के अभिनय की तारीफ करते हुए अपने 25 वर्षीय ऑटिस्टिक बेटे का जिक्र किया। अनुपम ने उन्हें घर जाकर बेटे को गले लगाने की सलाह दी, लेकिन तभी खुलासा हुआ कि बेटे का हाल ही में निधन हो चुका है। तन्वी के किरदार ने उन्हें सांत्वना दी।
अनुपम ने अंत में कहा, ‘कभी-कभी सिनेमा वाकई जादू कर देता है।’ यह फिल्म एक ऑटिस्टिक लड़की की अनोखी दुनिया और संघर्षों की कहानी बयां करती है। अनुपम के निर्देशन और अभिनय ने इसे यादगार बना दिया, साथ ही ऑटिज्म जागरूकता को बढ़ावा दिया।
‘तन्वी द ग्रेट’ अब दर्शकों के दिलों पर छा रही है और सिनेमा की सच्ची ताकत को साबित कर रही है।