
मुंबई के शेयर बाजार में बुधवार को कमजोर वैश्विक संकेतों के असर से सपाट शुरुआत हुई। सप्ताह के तीसरे दिन सुबह 9:22 बजे तक बीएसई सेंसेक्स 167.99 अंक यानी 0.20 प्रतिशत गिरकर 82,012.48 पर और निफ्टी 24.35 अंक यानी 0.10 प्रतिशत टूटकर 25,208.15 पर ट्रेड कर रहा था।
निफ्टी के ज्यादातर सूचकांक लाल निशान में दिखे। मिडकैप इंडेक्स में 0.36 प्रतिशत और स्मॉलकैप में 0.47 प्रतिशत की गिरावट दर्ज हुई।
सेक्टरों में फार्मा इंडेक्स 0.8 प्रतिशत चमका, उसके पीछे मेटल (0.3%), ऑटो (0.2%) और एफएमसीजी (0.16%) में उछाल आया। रियल्टी (-0.7%) और प्राइवेट बैंक (-0.3%) में नरमी रही।
सेंसेक्स में आईसीआईसीआई बैंक, बीईएल, एचसीएल टेक, ट्रेंट, इंफोसिस, एलएंडटी व टीसीएस सबसे ज्यादा लुढ़के। इटरनल, इंडिगो, सन फार्मा, पावरग्रिड, अल्ट्राटेक, टेक महिंद्रा, टाटा स्टील, एचयूएल व अदाणी पोर्ट्स में खरीदारी हुई।
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार मंगलवार की भारी गिरावट के बाद निवेशकों का मनोबल कमजोर है। उतार-चढ़ाव बढ़ने से बाजार को मजबूत सहारा नहीं मिल रहा।
तकनीकी रूप से निफ्टी के लिए 25,350-25,400 प्रतिरोधक है। इससे नीचे रहने पर तेजी सीमित रहेगी। 25,050-25,100 सपोर्ट महत्वपूर्ण, टूटने पर 24,900-24,800 तक गिरावट संभव।
एफआईआई की बिकवाली जारी है, जबकि डीआईआई खरीदारी से गिरावट रोक रहे। इंडिया वीआईएक्स बढ़ा, जो ज्यादा अस्थिरता का संकेत।
व्यापारियों को सावधानी बरतनी चाहिए, जोखिम नियंत्रण जरूरी। निवेशक सपोर्ट पर स्थिरता का इंतजार करें।