
अमरावती। आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने दावोस में वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम की अपनी यात्रा को राज्य की वैश्विक पहचान मजबूत करने वाला बताया है। गुरुवार को चार दिवसीय दौरे पर लौटते हुए उन्होंने कहा कि यह मंच बदलते वैश्विक औद्योगिक रुझानों और दिग्गजों के विचारों को समझने का बेहतरीन अवसर प्रदान करता है।
तीन दिनों में 36 से अधिक बैठकों में हिस्सा लेते हुए नायडू ने ग्रीन एनर्जी, तकनीक, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, कृषि और पर्यटन क्षेत्रों में राज्य की प्रगति को प्रभावी तरीके से प्रस्तुत किया। उन्होंने 16 वैश्विक उद्योग नेताओं से भेंट की और नौ से ज्यादा सत्रों में भाग लिया।
मुख्यमंत्री कार्यालय के मुताबिक, इजरायल, यूएई और स्विट्जरलैंड के प्रतिनिधियों के साथ महत्वपूर्ण चर्चाएं हुईं। विशाखापत्तनम में टीसीएस सेंटर, अमरावती में क्वांटम वैली और कुरनूल में सोलर प्रोजेक्ट्स पर अपडेट साझा किए गए। नायडू ने कहा कि भारत में युवा ऊर्जा, मजबूत नेतृत्व और निवेशक अनुकूल नीतियों से सभी क्षेत्रों में अवसर बढ़े हैं।
यूरोप में बसे तेलुगु समुदाय से निकट संवाद कर उनका हौसला बढ़ाया। राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय मीडिया को विशेष साक्षात्कार दिए। वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम की राय से राज्य की नीतियों को और सशक्त बनाया जाएगा, जिससे आंध्र ब्रांड विश्व पटल पर चमकेगा। यह यात्रा निवेश आकर्षण की नई ऊंचाइयों का संकेत देती है।