
पेंशनभोगियों के जीवन को सरल बनाने के लिए भारत सरकार लगातार नई पहल कर रही है। प्रधानमंत्री के ‘जीवन सुगमता’ दृष्टिकोण के अनुरूप पेंशन एवं पेंशनभोगी कल्याण विभाग ने पेंशन प्रक्रियाओं के डिजिटलीकरण में महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। इसी कड़ी में 23 फरवरी को कार्मिक, लोक शिकायत एवं पेंशन राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह असम के गुवाहाटी स्थित प्रशासनिक कर्मचारी महाविद्यालय में 58वीं सेवानिवृत्ति पूर्व परामर्श कार्यशाला का उद्घाटन करेंगे।
केंद्र के विभिन्न मंत्रालयों के सहयोग से आयोजित यह कार्यशाला सेवानिवृत्ति की ओर अग्रसर कर्मचारियों के लिए वरदान साबित होगी। इसमें सेवानिवृत्ति लाभ, सीजीएचएस सुविधाएं, साइबर सुरक्षा, निवेश के विकल्प, भविष्य पोर्टल, एकीकृत पेंशनभोगी पोर्टल, पारिवारिक पेंशन, सीपीईएनजीआरएएमएस, अनुभव प्लेटफॉर्म तथा डिजिटल जीवन प्रमाण पत्र जैसे विषयों पर विस्तृत सत्र होंगे।
असम में तैनात लगभग 350 कर्मचारी जो अगले एक वर्ष में रिटायर हो रहे हैं, इससे लाभान्वित होंगे। कार्यशाला के साथ ही स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के सहयोग से बैंकर जागरूकता कार्यक्रम भी आयोजित होगा, जिसमें पेंशन वितरण संबंधी नियमों पर प्रकाश डाला जाएगा।
58वीं कार्यशाला के दौरान पेंशन देने वाले बैंकों की प्रदर्शनी भी लगेगी। बैंक अपने उत्पादों का प्रदर्शन करेंगे तथा पेंशन खाते खोलने और निवेश योजनाओं के लिए मार्गदर्शन देंगे। यह प्रयास पेंशनभोगियों को सशक्त बनाने की दिशा में सराहनीय है।