
नई दिल्ली। मध्य पूर्व में इजरायल और ईरान के बीच तेज होते तनाव ने वैश्विक बाजारों के साथ-साथ भारतीय शेयर बाजार को भी चिंता में डाल दिया है। विशेषज्ञों का अनुमान है कि सोमवार को बाजार कमजोर नोट पर खुलेगा, हालांकि भारी बिकवाली की स्थिति नहीं बनेगी।
इजरायल द्वारा ईरान पर किए गए एहतियाती हमलों के बाद तेहरान में धमाकों की खबरें आईं, जिससे क्षेत्रीय तनाव चरम पर पहुंच गया। इजरायल में पूरे देश में सायरन बजाए गए और मोबाइल अलर्ट के जरिए लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने को कहा गया।
बाजार जानकारों के अनुसार, ऐसे भू-राजनीतिक संकट अल्पकालिक नकारात्मकता लाते हैं, क्योंकि निवेशक सोने और बॉन्ड जैसे सुरक्षित विकल्पों की ओर बढ़ते हैं। शुक्रवार को पहले ही भारतीय बाजारों में जोरदार गिरावट देखी गई।
दलाल स्ट्रीट पर सतर्क माहौल रहेगा। अमेरिका-ईरान वार्ता की अगली कड़ी पर स्पष्टता का इंतजार रहेगा। निफ्टी50 सूचकांक 200-दिन की ईएमए से नीचे बंद हुआ है, जो मध्यम अवधि की कमजोरी दर्शाता है।
तकनीकी रूप से 25,300-25,350 प्रतिरोध क्षेत्र है, जबकि 25,000-25,050 मजबूत समर्थन। यदि समर्थन बरकरार रहा तो स्थिरता लौट सकती है, वरना दबाव बढ़ेगा। निवेशकों को सतर्क रहने की सलाह दी जा रही है।