
नई दिल्ली में जारी मिडिल ईस्ट संकट के बीच भारत ने घरेलू गैस आपूर्ति मजबूत करने के लिए खाड़ी से बाहर से दो अतिरिक्त एलएनजी कार्गो मंगवाए हैं। पेट्रोलियम मंत्रालय की संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि कच्चा तेल पूरी तरह सुरक्षित है और सामान्य से अधिक मात्रा में आ रहा है।
कंपनियों ने विभिन्न देशों से कई कार्गो बुक किए हैं, जिससे होर्मुज जलडमरूमध्य पर निर्भरता 55% से घटकर 25% रह गई है। एलपीजी सिलेंडर की घबराहट में बुकिंग बढ़ी, लेकिन डिलीवरी अभी भी 2.5 दिन की है।
सरकार ऊर्जा आपूर्ति पर नजर रखे हुए है। घरेलू एलपीजी उत्पादन 25% बढ़ा है, जो उपभोक्ताओं को दिया जा रहा। रिफाइनरियां अधिकतम क्षमता पर चल रही हैं। कुल गैस खपत 189 एमएमएससीएमडी है, जिसमें 97.5 घरेलू उत्पादन।
ईरान युद्ध से 47.4 एमएमएससीएमडी गैस प्रभावित, कतर ने उत्पादन रोका। पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने भरोसा दिलाया कि रसोई गैस की कोई कमी नहीं। आवश्यक वस्तु अधिनियम से घरेलू पीएनजी, सीएनजी, एलपीजी को प्राथमिकता।
रिफाइनरियों को एलपीजी अधिकतम करने का आदेश। यह रणनीति भारत को संकट से सुरक्षित रखेगी।