
नई दिल्ली। नागरिक उड़्डयन महानिदेशालय (डीजीसीए) ने एयर इंडिया पर एक करोड़ रुपये का भारी जुर्माना ठोका है। कारण? एयरलाइन ने एयरबस ए320 विमान को वैध एयरवर्थिनेस रिव्यू सर्टिफिकेट (एआरसी) के बिना आठ बार उड़ाया। नियामक ने इसे गंभीर उल्लंघन करार देते हुए कंपनी के शीर्ष अधिकारियों को जिम्मेदार ठहराया।
पिछले साल 24-25 नवंबर को दिल्ली, बेंगलुरु, मुंबई और हैदराबाद के बीच चलीं ये उड़ानें। एआरसी एक अनिवार्य वार्षिक प्रमाणपत्र है, जो विमान की सुरक्षा जांच के बाद ही जारी होता है। बिना इसके उड़ान भरना यात्रियों की जान जोखिम में डालने जैसा है।
सूत्र बताते हैं कि डीजीसीए ने एयर इंडिया के लापरवाह रवैये पर कड़ी आपत्ति जताई। एयर इंडिया ने बयान जारी कर कहा कि यह 2025 में स्वयं रिपोर्ट की गई घटना से जुड़ी है। सभी कमियां दूर कर ली गईं और प्राधिकरण को सूचित किया गया। हम सुरक्षा के उच्चतम मानकों पर कायम हैं।
एयर इंडिया मुश्किल भंवर में फंसी है। जून में अहमदाबाद हादसे के बाद कंपनी जूझ रही। टाटा के अधिग्रहण के बावजूद वित्तीय सुधार धीमा। सीईओ कैंपबेल विल्सन की जगह नया चेहरा तलाशा जा रहा, जिनका अनुबंध 2027 में खत्म हो रहा। एन. चंद्रशेखरन उम्मीदवारों से बात कर चुके।
मार्च तक ब्रेकईवन लक्ष्य चूका, पाकिस्तान एयरस्पेस बंदी से लागतें बढ़ीं। यह जुर्माना चेतावनी है—सुरक्षा पर कोई समझौता नहीं। एयर इंडिया को पुनरुद्धार के लिए कड़े कदम उठाने होंगे।