
राजधानी पेइचिंग के विशाल जनवृहद भवन में 12 मार्च को दोपहर तीन बजे 14वीं चीनी राष्ट्रीय जन प्रतिनिधि सभा (एनपीसी) के चौथे सत्र का समापन समारोह धूमधाम से संपन्न हुआ। चीनी राष्ट्रपति शी चिनफिंग समेत शीर्ष पार्टी एवं देश के नेता इस अवसर पर उपस्थित रहे।
सत्र ने सरकारी कार्य रिपोर्ट, 15वीं पंचवर्षीय योजना की रूपरेखा तथा एनपीसी स्थायी समिति की कार्य रिपोर्ट को स्वीकृति प्रदान की। साथ ही ‘पारिस्थितिक एवं पर्यावरण संहिता’ समेत अनेक महत्वपूर्ण कानूनों को अधिनियमित किया गया। राष्ट्रपति शी ने अध्यादेश संख्या 70 से 73 पर हस्ताक्षर किए।
अन्य प्रमुख प्रस्तावों में 2025 के आर्थिक-सामाजिक विकास योजना के क्रियान्वयन, 2026 की योजना, केंद्रीय एवं स्थानीय बजट, सर्वोच्च अदालत एवं अभियोजन की रिपोर्टें शामिल रहीं। ‘पारिस्थितिक संहिता’ 15 अगस्त 2026 से, ‘जातीय एकता कानून’ 1 जुलाई 2026 से तथा ‘राष्ट्रीय विकास योजना कानून’ प्रकाशन के साथ ही लागू होगा।
एनपीसी स्थायी समिति के अध्यक्ष चाओ लेची ने समापन भाषण में पार्टी नेतृत्व का पालन, जनता की सर्वोच्चता, कानून के शासन तथा समग्र लोकतंत्र पर बल दिया। उन्होंने एनपीसी प्रणाली को सशक्त बनाने, राजनीतिक व्यवस्था के लाभों का उपयोग तथा पंचवर्षीय लक्ष्यों के लिए विधायी समर्थन पर जोर दिया। प्रतिनिधियों को जनहितों का प्रतिनिधित्व, कर्तव्य पालन तथा जनता से निकटता बनाए रखने का निर्देश दिया।
सभी एजेंडे पूरे होने पर चाओ ने सत्र के समापन की घोषणा की, जो चीन की विकास यात्रा में नया अध्याय जोड़ता है।