
अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट की दुनिया में मोहम्मद सिराज जैसा कभी न थकने वाला तेज गेंदबाज कम ही देखने को मिलता है। 13 मार्च 1994 को सिकंदराबाद में जन्मे सिराज के पिता ऑटो चालक थे, जिस कारण उनकी राह चुनौतियों भरी रही। लेकिन दृढ़ संकल्प ने उन्हें शीर्ष पर पहुंचाया। 16 साल की उम्र से क्रिकेट शुरू किया, 19 में क्लब स्तर पर उतरे और रणजी ट्रॉफी में डेब्यू किया।
2016-17 रणजी में हैदराबाद के लिए 41 विकेट (18.92 औसत) लेकर टीम के शीर्ष गेंदबाज बने। 2017-18 विजय हजारे में सात मैचों में 23 विकेट हासिल किए। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर 2017 में टी20 से शुरुआत, 2019 वनडे, 2020 टेस्ट। सिराज की ताकत है उनकी सहनशक्ति। 140 किमी/घंटा रफ्तार से लंबे स्पेल, चाहे भारत हो या विदेश।
ऑस्ट्रेलिया-इंग्लैंड दौरे पर हर टेस्ट में खेला, स्विंग-उछाल से बल्लेबाजों को तहस-नहस किया। तीनों फॉर्मेट में अकेले मैच जिताए। जनवरी 2023 में वनडे रैंकिंग में नंबर-1। आंकड़े: 45 टेस्ट/139 विकेट, 50 वनडे/76, 17 टी20/17, 108 आईपीएल/109।
एशिया कप 2023 विजेता, वनडे विश्व कप 2023 फाइनलिस्ट, टी20 विश्व कप 2024-2026 चैंपियन टीम का हिस्सा। विश्व टेस्ट चैंपियनशिप में उनकी भूमिका अहम रहेगी। सिराज भारतीय क्रिकेट की विदेशी पिचों पर सबसे मजबूत ढाल हैं।