
अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के मौके पर नई दिल्ली से नेताओं के संदेशों की झड़ी लग गई। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने एक्स पर पोस्ट कर कहा कि पढ़ी-लिखी और सशक्त महिलाएं प्रगतिशील भारत की मजबूत नींव हैं। विभिन्न क्षेत्रों में उनकी उत्कृष्टता और साहसिक नेतृत्व समावेशी समाज की बुनियाद रखता है।
उन्होंने सामूहिक संकल्प लेने का आह्वान किया कि ऐसी व्यवस्था बनाई जाए जहां हर महिला को सम्मान, सुरक्षा और स्वतंत्रता के साथ आगे बढ़ने का बराबर मौका मिले। महिलाओं की महत्वाकांक्षाओं से समान भविष्य का निर्माण हो, इस दिशा में एकजुट होकर काम करें।
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने नारी शक्ति के अभूतपूर्व योगदान पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि पीढ़ियां पालना हो या विज्ञान-आर्थिक प्रगति, महिलाएं हर मोर्चे पर अग्रणी हैं। पीएम मोदी की महिला नेतृत्व वाली विकास की कल्पना से वे परिवर्तन की धुरी बन रही हैं।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने महिलाओं की शक्ति और समर्पण को सलाम किया। मोदी सरकार महिला सशक्तिकरण के प्रति कटिबद्ध है, जो उन्हें राष्ट्र निर्माण में सशक्त भूमिका निभाने का अवसर दे रही है। नितिन गडकरी ने क्षेत्रीय योगदान की सराहना की तो शिवराज सिंह चौहान ने नारी को शौर्य और देवी स्वरूप बताया। ये संदेश महिलाओं के उत्थान की प्रतिबद्धता को रेखांकित करते हैं।