
मुरादाबाद। समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता और पूर्व सांसद एसटी हसन ने बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के राज्यसभा सदस्य बनने के फैसले पर गहरा आश्चर्य व्यक्त किया है। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर यह कैसे संभव है।
गुरुवार को पत्रकारों से बातचीत में हसन ने कहा कि जदयू को अब एहसास हो गया है कि उसका राजनीतिक जहाज डूबने की कगार पर है। भाजपा ने जो भी क्षेत्रीय दल अपना साथी बनाया, वह हमेशा डूब गया। अब भाजपा जदयू को भी बीच समंदर में छोड़कर भागने वाली है।
निशांत कुमार को उपमुख्यमंत्री बनाने की अटकलों पर हसन ने कंधे उचकाते हुए कहा कि इसमें कोई बड़ी बात नहीं। उपमुख्यमंत्री का पद रबड़ स्टैंप जैसा होता है, जिसमें कोई वास्तविक शक्ति नहीं।
अमेरिका की विदेश नीति पर तीखा प्रहार करते हुए हसन ने ईरानी जहाज को बम से उड़ाने की घटना का जिक्र किया। उन्होंने अमेरिका को दुनिया का सबसे बड़ा गुंडा करार दिया, जो ताकत के बल पर ‘माइज इज राइट’ का सिद्धांत चला रहा है। पूरी दुनिया मजबूरी में उसकी मान रही है।
हसन ने 1994 के कश्मीर मुद्दे पर ईरान के अकेले समर्थन को याद किया, जब सभी इस्लामी देश पाकिस्तान के साथ थे। ईरान ने सस्ता तेल देकर भारत की मदद की, लेकिन विपत्ति में भारत ने इजरायल का साथ चुना। युद्धों में मासूम बच्चों की मौत पर चुप्पी शर्मनाक है, जबकि हम ‘वसुधैव कुटुम्बकम्’ का दावा करते हैं।
अखिलेश यादव के ईरान पर दुख व्यक्त करने पर हसन ने कहा कि उनके मन में गहरी पीड़ा है। अयातुल्लाह खामेनेई की हत्या दुर्भाग्यपूर्ण है। इस्लामिक दुनिया शोक में है। प्रदर्शन ठीक हैं, लेकिन जोश हावी न हो। गलत संदेश न जाए। सभी के दिल दुखी हैं।