
बिहार के शिवहर जिले के तरियानी थाना क्षेत्र के बरियापुर गांव में एक दिल दहला देने वाली घटना ने इलाके को हिलाकर रख दिया है। 45 वर्षीय प्रभु राय का शव गुरुवार सुबह गांव के बगीचे में पेड़ पर लटका मिला। वजह? उनके बेटे धीरज कुमार का महाशिवरात्रि के दिन गांव की लड़की के साथ मुंबई फरार होना और उसके बाद पंचायत का सात लाख रुपये का भारी भरकम जुर्माना।
घटना की जानकारी मिलते ही एसडीपीओ सुशील कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम現場 पहुंची। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया और हत्या, आत्महत्या सहित हर पहलू की जांच शुरू हो गई। परिवार के लोग आरोप लगा रहे हैं कि पंचायत के दबाव में पिता को निशाना बनाया गया।
22 फरवरी को धीरज और लड़की को मुंबई से वापस लाया गया था। सुलह के नाम पर बुलाई गई पंचायत ने प्रभु राय पर लड़की पक्ष को सात लाख रुपये देने का आदेश थोप दिया। गरीबी के कारण रकम जुटाना नामुमकिन था, जिससे घर में कलह बढ़ गई। बेटे निकेश ने कहा कि पिता को मारकर बगीचे में लटका दिया गया क्योंकि जुर्माना नहीं दिया।
परिजनों का बुरा हाल है। पुलिस का कहना है कि सभी कोणों से जांच की जा रही है और सच्चाई जल्द सामने लाई जाएगी। यह मामला ग्रामीण भारत में पंचायतों के मनमाने फैसलों की खतरनाक हकीकत को उजागर करता है, जहां प्रेम के नाम पर जानें जा रही हैं। समाज को सोचने का समय है।