
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उनके कनाडाई समकक्ष मार्क कार्नी ने द्विपक्षीय व्यापार समझौते को इस वर्ष के अंत तक अंतिम रूप देने का लक्ष्य तय किया है। यह कदम दोनों देशों के आर्थिक संबंधों को नई ऊंचाइयों पर ले जाने का प्रयास है।
ऊर्जा क्षेत्र और दुर्लभ खनिजों पर विशेष जोर दिया गया। मोदी ने कहा कि 2030 तक द्विपक्षीय व्यापार को 50 अरब डॉलर तक पहुंचाने का सपना है। आर्थिक सहयोग की पूरी संभावनाओं का उपयोग प्राथमिकता है।
प्रौद्योगिकी और नवाचार में प्राकृतिक साझेदारी को रेखांकित करते हुए, एआई, क्वांटम, सुपरकंप्यूटिंग व सेमीकंडक्टर में सहयोग बढ़ेगा। एआई इम्पैक्ट समिट में कनाडा के योगदान के लिए आभार व्यक्त किया।
क्रिटिकल मिनरल्स पर एमओयू आपूर्ति श्रृंखला को मजबूत करेगा। अंतरिक्ष क्षेत्र में स्टार्टअप जोड़ेंगे। 2.6 अरब डॉलर की यूरेनियम डील नागरिक न्यूक्लियर कार्यक्रम के लिए ईंधन सुनिश्चित करेगी।
छोटे मॉड्यूलर रिएक्टरों पर सहमति बनी। यह साझेदारी स्वच्छ ऊर्जा और वैश्विक स्थिरता का प्रतीक बनेगी।