
तमिलनाडु में विधानसभा चुनावों की तारीखें घोषित होने का इंतजार कर रहे हैं और इसी बीच सत्ताधारी डीएमके ने अपने प्रमुख सहयोगी वीसीके के साथ सीट बंटवारे को लेकर महत्वपूर्ण बैठक बुलाई। चेन्नई स्थित डीएमके मुख्यालय में सोमवार को हुई इस चर्चा ने गठबंधन की रूपरेखा तैयार करने की प्रक्रिया को गति दे दी है।
बैठक में वीसीके के अध्यक्ष थोल. थिरुमावलवन और महासचिव रविकुमार ने हिस्सा लिया, वहीं डीएमके की ओर से वरिष्ठ नेता चर्चा का संचालन कर रहे थे। यह कदम चुनावी तैयारियों के लिहाज से अहम माना जा रहा है, क्योंकि गठबंधन की सीटों का बंटवारा तय करना अब सबसे बड़ी चुनौती है।
सूत्रों के अनुसार, वीसीके ने पिछले चुनाव में लड़ी गई छह सीटों से कहीं अधिक की मांग की है। पार्टी ने करीब 20 सीटों की सूची सौंपी है, जिसमें उनकी चार जीती हुई सीटें शामिल हैं। साथ ही, वे उन क्षेत्रों पर नजर रखे हुए हैं जहां उनकी अच्छी पकड़ बन सकती है।
डीएमके को अन्य सहयोगियों के साथ भी ऐसी ही चर्चाएं करनी हैं। पार्टी नेतृत्व सहयोगियों को संतुष्ट करने और अपनी मजबूत सीटें बचाने के बीच तालमेल बिठाने में जुटा है। चुनाव आयोग की घोषणा के साथ ही संगठनात्मक गतिविधियां और तेज हो जाएंगी।
तमिलनाडु की राजनीति में गठबंधनों का महत्व हमेशा से रहा है। इस वार्ता का परिणाम पूरे गठबंधन की ताकत तय करेगा।