
श्रीनगर में रविवार को इजरायल के साथ संघर्ष में ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्लाह अली खामेनेई की कथित मौत की खबर ने तहलका मचा दिया। कश्मीरी शिया समुदाय के लोग सड़कों पर उतर आए और बड़े स्तर पर विरोध प्रदर्शन किए। इसी बीच कश्मीर घाटी में महत्वपूर्ण परीक्षाओं को स्थगित कर दिया गया।
जम्मू-कश्मीर सर्विसेज सिलेक्शन बोर्ड (जेकेएसएसबी) ने गृह विभाग में लेबोरेटरी अटेंडेंट के पदों के लिए निर्धारित ओएमआर परीक्षा को रद्द करने की घोषणा की। जुलाई 2025 के विज्ञापन के तहत होने वाली यह परीक्षा स्थगित हो गई। बोर्ड ने स्पष्ट किया कि नई तिथि अलग से सूचित की जाएगी, लेकिन कारण नहीं बताया।
श्रीनगर के लाल चौक पर हजारों प्रदर्शनकारी एकत्र हुए। शिया मुसलमानों ने खामेनेई के निधन पर शोक व्यक्त किया और इजरायल के खिलाफ नारेबाजी की। यह प्रदर्शन क्षेत्र में ईरान के प्रति गहरी संवेदनशीलता को दर्शाता है।
मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने मध्य पूर्व के तनाव पर चिंता जताई। उनके कार्यालय ने एक्स पर पोस्ट कर कहा, ‘ईरान में घटनाक्रम, विशेषकर खामेनेई की मौत पर गहरी चिंता। सभी से शांति बनाए रखने और संयम बरतने की अपील।’ जेकेएस सरकार विदेश मंत्रालय के साथ मिलकर वहां फंसे अपने नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित कर रही है।
पीडीपी प्रमुख महबूबा मुफ्ती ने इजरायल-अमेरिका की हरकतों की निंदा की। उन्होंने कहा, ‘यह शर्मनाक दिन है जब मुस्लिम देश चुप्पी साधे हैं। इतिहास गवाह बनेगा। ईरान के लोगों के लिए दुआएं।’ सुरक्षा बल अलर्ट पर हैं, जबकि नेता शांति की अपील कर रहे हैं। यह घटना वैश्विक संघर्षों का स्थानीय प्रभाव दिखाती है।