
पटना, 25 फरवरी। बिहार के एक कार्यक्रम में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने नेहरू-गांधी परिवार पर तीखे प्रहार किए। उन्होंने इसे ‘समझौता मिशन’ करार दिया, जिसमें देश के हितों की बलि देकर पारिवारिक स्वार्थ साधे गए।
नवीन ने 1954 का जिक्र किया जब नेहरू ने बिना किसी प्रतिदान के तिब्बत में भारत के अधिकार चीन को सौंप दिए। ’45 करोड़ भारतीयों को उन्होंने जिम्मेदारी कहा, लेकिन सीमाओं से समझौता कर दिया।’
राजीव गांधी पर रक्षा सौदों से निजी खाते भरने का आरोप लगाया। राहुल गांधी को विदेशी ताकतों की कठपुतली बताते हुए कहा कि कांग्रेस का इतिहास सीआईए फंडिंग से काला है।
सोनिया गांधी ने 2004-14 में राष्ट्रीय सलाहकार परिषद के जरिए सुपर पीएम की तरह शासन चलाया, जब राजीव गांधी फाउंडेशन को चीन और जॉर्ज सोरोस से धन मिला। राहुल की 247 विदेश यात्राएं, जिनमें सुरक्षा एजेंसियों को जानकारी न दी गई, और इल्हान ओमर- सोरोस से मुलाकातें संदिग्ध हैं।
देश का युवा सकारात्मक दिशा चाहता है। जनता अब इस मिशन को पहचान चुकी है और राष्ट्रहित को सर्वोच्च रखेगी। भाजपा नेतृत्व देशभक्ति का प्रतीक बनेगा।