
अहमदाबाद में रविवार को होने वाले टी20 विश्व कप 2026 सुपर-8 मैच में भारत और दक्षिण अफ्रीका के बीच भाईचारे की जंग भी छिड़ेगी। मोर्ने मोर्कल, जो कभी प्रोटियाज के घातक तेज गेंदबाज थे, अब भारतीय टीम के गेंदबाजी कोच हैं। उनके बड़े भाई एल्बी मोर्कल दक्षिण अफ्रीका की कोचिंग टीम का हिस्सा हैं।
बीसीसीआई ने दोनों भाइयों की मजेदार बातचीत का वीडियो अपने एक्स हैंडल पर पोस्ट किया है। वीडियो में एल्बी ने बचपन के बैकयार्ड क्रिकेट मैचों का जिक्र किया। उन्होंने कहा, ‘वे ज्यादातर मैच झगड़ों या आंसुओं के साथ खत्म होते थे। बैकयार्ड में कोई आउट नहीं होता। गेंदबाज हमेशा बल्लेबाज को आउट कर देता, जिससे तकरार होती। मोर्ने सबसे छोटे थे, इसलिए बहुत रोते थे। बड़ा भाई सब तय करता था।’
दक्षिण अफ्रीका के विशेषज्ञ सलाहकार एल्बी ने कहा कि उन्हें भारत को हराने की चुनौती समझनी होगी।
मोर्ने ने कोचिंग के दबाव पर बात की। ‘गेंदबाजी कोच पर हमेशा प्रेशर रहता है, लेकिन डगआउट में अनुभवी लोग मदद करते हैं।’ उन्होंने कहा, ‘पवेलियन से मैं खिलाड़ियों को उनकी भूमिका स्पष्ट करता हूं और आत्मविश्वास देता हूं।’
दोनों जीत चाहते हैं, लेकिन मैच बाद कोई दुश्मनी नहीं। एल्बी बोले, ‘खेलने के दिनों से हम मैदान से बाहर क्रिकेट कम ही चर्चा करते। टूर्नामेंट के बाद जिंदगी चलेगी, वह मेरा भाई है।’
एल्बी ने 2004-2015 में सभी फॉर्मेट्स में खेला। मोर्ने 2006-2017 तक दक्षिण अफ्रीका के प्रमुख तेज गेंदबाज रहे।