
नई दिल्ली। भारत दौरे पर फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट में अपने भारत प्रेम का खुलकर इzar किया। गुरुवार को भारत मंडपम में उद्घाटन समारोह में शरीक हुए और एक्सपो का अवलोकन किया। इस दौरान आईएएनएस कैमरा देखते ही नजदीक आकर कहा, ‘आई लव योर कंट्री।’
यह पहला मौका नहीं जब मैक्रों ने भारत के प्रति अपने लगाव को जाहिर किया। बुधवार को मुंबई से दिल्ली पहुंचे तो हल्की फुहारों के बीच एयरपोर्ट पर लोक कलाकारों की प्रस्तुति पर हाथ जोड़कर धन्यवाद दिया। मुंबई में जॉगिंग के दौरान भी आमजन से गर्मजोशी से मिले।
समिट में संबोधन की शुरुआत ‘नमस्ते’ से और समापन ‘जय हो’ से किया। भारत के डिजिटल मॉडल की भूरि-भूरि प्रशंसा करते हुए कहा कि दुनिया में किसी ने ऐसा नहीं किया। मुंबई के एक स्ट्रीट वेंडर की कहानी से भारत की जड़ों से जुड़ी प्रगति का उदाहरण दिया। दस साल पहले जो वेंडर बैंक खाता भी नहीं खोल पाता था, आज मोबाइल पर तुरंत डिजिटल भुगतान ले रहा है। ‘यह तकनीक नहीं, सभ्यता की गाथा है।’
एआई को रणनीतिक क्षेत्र बताते हुए भारत की आत्मनिर्भरता की तारीफ की। छोटे भाषा मॉडल विकसित कर और 38,000 सरकारी जीपीयू स्टार्टअप्स को सस्ते में उपलब्ध कराकर भारत ने स्वायत्त विकल्प चुना।
स्ट्रीट वेंडर की कहानी से शुरूआत कर अंत में कहा कि भारत ने दुनिया के संशय को गलत साबित किया। 2026 को भारत-फ्रांस इनोवेशन ईयर घोषित किया गया है, जिसमें एआई पर सहयोग बढ़ेगा। यह यात्रा दोनों देशों के रिश्तों को नई ऊंचाई देगी।