
मुंबई में मंगलवार को एक ऐतिहासिक क्षण का साक्षी बना जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों का भव्य स्वागत किया। दोनों नेताओं की मुलाकात ने भारत-फ्रांस संबंधों को विशेष वैश्विक रणनीतिक साझेदारी के स्तर पर पहुंचा दिया।
इस अवसर पर इंडिया-फ्रांस इनोवेशन फोरम-2026 का उद्घाटन किया गया, जो दोनों देशों के सहयोग को नई दिशा देगा। सोशल मीडिया एक्स पर पीएम मोदी ने अपनी पोस्ट में विस्तार से बताया कि चर्चा उद्योग, रक्षा, स्वच्छ ऊर्जा, अंतरिक्ष और नई तकनीकों पर केंद्रित रही।
हमारी साझेदारी वैश्विक स्थिरता के लिए महत्वपूर्ण है। स्टार्टअप्स व एमएसएमई के बीच मजबूत जाल बुनना, छात्र-शोधकर्ता आदान-प्रदान बढ़ाना और संयुक्त नवाचार केंद्र स्थापित करना प्रमुख बिंदु रहे। भारत में हेलीकॉप्टर असेंबली लाइन का शुभारंभ दोनों देशों की गहरी मित्रता का प्रतीक है।
यह वह हेलीकॉप्टर है जो एवरेस्ट की चोटियों को छू सकता है और अब वैश्विक बाजार में निर्यात के लिए तैयार है। पीएम ने कहा कि हमारी साझेदारी महासागरों की गहराई से शिखर तक फैली है। 2026 भारत-यूरोप संबंधों का स्वर्णिम वर्ष होगा, जहां यूरोपीय संघ के साथ मुक्त व्यापार समझौता इसे बल देगा।
दोहरे कराधान से बचने का समझौता हस्ताक्षरित हुआ, जो निवेश को प्रोत्साहित करेगा। स्वास्थ्य में एआई केंद्र, डिजिटल विज्ञान केंद्र और विमानन कौशल विकास केंद्र भविष्योन्मुखी कदम हैं। ये प्रयास भारत-फ्रांस को नवाचार के वैश्विक केंद्र बनाएंगे।