
चेन्नई। तमिलनाडु के वित्त मंत्री थंगम थेन्नारासु ने विधानसभा में 2026-27 का अंतरिम बजट पेश करते हुए कल्याण योजनाओं, शिक्षा, खेल और सांस्कृतिक विकास पर जोर दिया। चुनाव से पहले यह बजट राज्य की प्राथमिकताओं को स्पष्ट करता है।
श्रीलंका को हालिया संकट में 197 करोड़ रुपये की सहायता भेजी गई, जो राज्य की मानवीय प्रतिबद्धता दर्शाता है।
खेल विकास को 718 करोड़, ग्रामीण विकास को 28,687 करोड़ और विशेष कार्यक्रमों को 17,088 करोड़ आवंटित। तमिल भाषा प्रचार के लिए 10 करोड़ अलग से।
विधवाओं, असहाय महिलाओं व बुजुर्गों की पेंशन के लिए 5,463 करोड़। स्कूली शिक्षा पर 48,534 करोड़, उच्च शिक्षा पर 8,505 करोड़।
दिव्यांग कल्याण के लिए 1,471 करोड़, जिसमें 4% आरक्षण और पदोन्नति का प्रावधान। मुख्यमंत्री की नाश्ता योजना से स्कूलों में उपस्थिति बढ़ी।
संस्कृति को बढ़ावा देने हेतु 285 करोड़ से तंजावुर चोल संग्रहालय, गंगईकोंडाचोलपुरम, इरोड नोय्याल, रामनाथपुरम नावाई, चेन्नई एग्मोर में नई दीर्घाएं और तिरुवनमलाई तमिल संग्रहालय बनेंगे। कीझाडी-पोरुनाई संग्रहालयों को भारी समर्थन।
महिलाओं के घरेलू श्रम को मान्यता देने वाली कलाइग्नार योजना से प्रतिमाह 1000 रुपये, जो अन्य राज्यों के लिए प्रेरणा बनी।
यह बजट तमिलनाडु को समावेशी विकास की दिशा में मजबूत बनाता है।