
लखनऊ, 16 फरवरी। उत्तर प्रदेश विधान परिषद में सोमवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राज्यपाल के अभिभाषण पर धन्यवाद देते हुए विपक्ष पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि प्रदेश अब ‘फियर जोन’ से ‘फेथ जोन’ बन चुका है। ‘न कर्फ्यू, न दंगा, यूपी में सब चंगा है।’
सीएम ने विपक्ष के राज्यपाल के प्रति असम्मानजनक व्यवहार को लोकतांत्रिक मूल्यों का उल्लंघन बताते हुए कहा कि संवैधानिक पद का सम्मान सबका कर्तव्य है। विपक्ष की यह मानसिकता नकारात्मकता को उजागर करती है। नौ वर्षों में प्रदेश ने अपराध से अनुशासन, कर्फ्यू से कानून व्यवस्था, दंगों से उत्सवों और अविश्वास से आत्मविश्वास की यात्रा तय की है।
डबल इंजन सरकार की साफ नीति और मजबूत नेतृत्व ने शासन की चरित्र बदला। 2017 के बाद एक भी सांप्रदायिक दंगा नहीं हुआ। पहले ‘एक जिला-एक माफिया’ का राज था, गुंडा टैक्स वसूली आम थी, अब जीरो टॉलरेंस है।
यूपी अब तकनीक, विश्वास और परिवर्तन का प्रतीक है। पीएम मोदी के एआई और नई तकनीक के विजन से जुड़ते हुए प्रदेश राजस्व अधिशेष की ओर अग्रसर है। निवेश, नवाचार और पारदर्शिता का केंद्र बन रहा यूपी।
‘विरासत से जुड़ा विकास ही उज्ज्वल भविष्य का आधार है।’ योगी ने कांग्रेस-सपा पर राष्ट्र प्रतीकों और आस्था स्थलों का अपमान करने का आरोप लगाया। अयोध्या राम मंदिर, काशी विश्वनाथ धाम, तीर्थों का सौंदर्यीकरण नई पहचान हैं। ये आस्था के साथ राष्ट्रभक्ति के केंद्र हैं।
महाराजा सुहेलदेव स्मारक, अहिल्याबाई होल्कर प्रतिमा, महाकुंभ-माघ मेला जैसे आयोजन सुशासन पर विश्वास दर्शाते हैं। दंगा प्रदेश से दीपोत्सव, देव दीपावली का प्रदेश बना यूपी।
2.19 लाख से अधिक पुलिस भर्ती, 20 प्रतिशत महिलाओं के लिए आरक्षण से महिला पुलिसकर्मी 10 हजार से 44 हजार हुईं। सात कमिश्नरेट, साइबर थाने, 12 फॉरेंसिक लैब, 75 जिलों में फॉरेंसिक वैन, 34 पीएसी कंपनियां पुनर्जीवित, वीरांगना बटालियन गठित।
यूपी अब भय-अराजकता से निकलकर विकास-आस्था-अटूट विश्वास के युग में है।