
बॉलीवुड की दुनिया में कई कलाकारों ने अपने अभिनय से दर्शकों को मंत्रमुग्ध किया। शोमा आनंद भी ऐसी ही एक अभिनेत्री हैं जिन्होंने समय के साथ अपनी छवि बदली और अमर हो गईं। उनका असली नाम नीलम अरोड़ा है और 16 फरवरी 1958 को मुंबई में जन्म हुआ। बचपन से नृत्य और अभिनय का शौक रहा, जिसके लिए उन्होंने विशेष प्रशिक्षण लिया।
1976 में ‘बारूद’ फिल्म से ऋषि कपूर के अपोजिट डेब्यू किया। यह फिल्म उनकी पहचान बनी। उसके बाद ‘जागीर’ और ‘कुली’ जैसी हिट्स में नजर आईं। लेकिन धीरे-धीरे लीड रोल्स कम हुए।
फिर शुरू हुआ उनका स्वर्णिम दौर। ‘घर एक मंदिर’, ‘घर द्वार’, ‘स्वर्ग से सुंदर’, ‘बड़े घर की बेटी’ और ‘जैसी करनी वैसी भरनी’ में चालाक और गुसैल बहू-भाभी के किरदार निभाए। इन भूमिकाओं ने उन्हें घर-घर पहचान दी।
नब्बे के दशक में टीवी की ओर रुख किया। ‘हम पांच’ में उनका रोल सुपरहिट रहा। ‘भाभी’, ‘शरारत’, ‘मायका’, ‘जिनी और जूजू’, ‘खेलती है जिंदगी आंख मिचौली’ जैसे शोज में धमाल मचाया।
2003 की ‘हंगामा’ में परेश रावल की पत्नी अंजलि बनीं, जो आज भी याद की जाती है। ‘क्या कूल हैं हम’ और ‘कल हो ना हो’ में भी चमकीं।
आज स्क्रीन से दूर हैं, लेकिन उनके किरदार दिलों में बसे हैं।