
बिहार के पटना में नीट परीक्षा की तैयारी कर रही एक छात्रा की संदिग्ध मौत का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। रविवार को केंद्रीय जांच ब्यूरो की टीम पीड़िता के पैतृक गांव पहुंची और उसके घर पर करीब तीन घंटे तक छापेमारी की। अधिकारियों ने घर से कई सामान जब्त कर लिए और परिजनों व पड़ोसियों से गहन पूछताछ की।
यह दौरा एजेंसी द्वारा केस अपने हाथ में लेने के कुछ ही दिनों बाद हुआ। टीम सुबह नौ बजे गांव पहुंची और दोपहर एक बजे तक जांच जारी रही। परिवार ने इस बारे में कुछ भी बोलने से इंकार कर दिया।
छात्रा छह जनवरी को चित्रगुप्त नगर के निजी हॉस्टल में अचेतावस्था में मिली थी। वह पांच दिनों तक कोमा में रही और एक निजी अस्पताल में दम तोड़ दिया। इस घटना ने पूरे राज्य में सनसनी फैला दी। विपक्ष ने नीतीश सरकार पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए सीबीआई जांच की मांग की, जिसे 31 जनवरी को मंजूर कर लिया गया।
परिवार ने छात्रा के साथ यौन शोषण का गंभीर आरोप लगाया है। पुलिस ने हॉस्टल कर्मचारी को गिरफ्तार किया था। एसआईटी ने 30 लोगों के डीएनए सैंपल लिए थे। शनिवार को सीबीआई ने हॉस्टल जाकर स्टाफ से सवाल-जवाब किए।
यह जांच छात्रावासों में लड़कियों की सुरक्षा पर सवाल खड़े कर रही है। सीबीआई को उम्मीद है कि जल्द ही सच्चाई सामने आएगी।