
आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में महिलाओं को अक्सर मासिक धर्म में कम रक्तस्राव की शिकायत हो रही है। गर्भाशय महिलाओं के स्वास्थ्य का केंद्र बिंदु है और इसकी सेहत बिगड़ने से थायरॉइड, डायबिटीज, पीसीओडी जैसी कई परेशानियां हो सकती हैं। लेकिन क्या हर बार कम फ्लो घातक है?
विज्ञान कहता है कि फ्लो एंडोमेट्रियम की मोटाई पर आधारित होता है। हर माह यह परत गर्भ के लिए तैयार होती है और गर्भ न रहने पर बाहर निकलती है। पतली परत से हल्का फ्लो, मोटी से भारी। बिना किसी बीमारी के हल्का फ्लो सामान्य हो सकता है।
डॉक्टरों के अनुसार 21-35 दिनों का चक्र और 2-5 दिनों का स्राव ठीक है। अगर एक दिन बाद ही रुक जाए या 7 दिन से ज्यादा चले तो जांच जरूरी। अनियमितता, तेज दर्द, गर्भधारण में दिक्कत या बार-बार मिस होने पर चिकित्सक से मिलें।
आहार में प्रोटीन-आयरन बढ़ाएं, पानी खूब पिएं, हल्की एक्सरसाइज करें और अच्छी नींद लें। ये उपाय चक्र को संतुलित रखेंगे और स्वास्थ्य को मजबूत बनाएंगे। महिलाओं को अपनी सेहत पर नजर रखनी चाहिए।