
मुंबई के टेलीविजन जगत में शुक्रवार को एक बड़ी क्षति हुई जब प्रसिद्ध निर्माता रामानंद सागर के पुत्र आनंद सागर चोपड़ा का लंबी बीमारी के बाद निधन हो गया। उनके अवसान की खबर से पूरे मनोरंजन उद्योग में शोक की भावना व्याप्त हो गई।
पवन हंस हिंदू श्मशान भूमि में उनका अंतिम संस्कार संपन्न हुआ, जिसमें परिवारजन, नाते-रिश्तेदार और चुनिंदा सहयोगी शामिल हुए। इस अवसर पर अभिनेत्री पूनम ढिल्लों ने भी उपस्थित होकर भावभीनी श्रद्धांजलि दी।
आनंद सागर ने अपने पिता की ‘रामायण’ जैसी कालजयी रचना की विरासत को संभाला। सागर आर्ट्स के बैनर तले उन्होंने कई महत्वपूर्ण धारावाहिकों का निर्माण और निर्देशन किया, जो भारतीय संस्कृति की महाकाव्यों को जीवंत करते रहे।
वे हमेशा पर्दे के पीछे रहकर कार्य करना पसंद करते थे, किंतु उनका योगदान अद्वितीय था। 2020 के लॉकडाउन काल में ‘रामायण’ का पुनः प्रसारण उनका स्वर्णिम निर्णय साबित हुआ, जिसने रिकॉर्ड तोड़े और विश्व रिकॉर्ड स्थापित किया।
सोशल मीडिया पर प्रशंसक, कलाकार और उद्योग बंधु श्रद्धांजलि दे रहे हैं। आनंद सागर का जाना एक युग का अंत है, किंतु उनकी सृजनात्मक विरासत टीवी दर्शकों के दिलों में बनी रहेगी।