
नई दिल्ली। केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने कहा कि भारत के हालिया फ्री ट्रेड एग्रीमेंट्स (एफटीए), विशेष रूप से अमेरिका के साथ अंतरिम व्यापार समझौता, देश के विश्व व्यापार के तरीके में मूलभूत परिवर्तन को दर्शाते हैं।
ईटी नाउ ग्लोबल बिजनेस समिट 2026 में बोलते हुए गोयल ने अमेरिकी डील में किसानों के हितों की मजबूत रक्षा पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि बातचीत के दौरान किसानों की सुरक्षा प्राथमिकता थी। आत्मनिर्भर क्षेत्रों को डील से बाहर रखा गया, जिससे 95 प्रतिशत से अधिक स्थानीय कृषि उत्पाद सुरक्षित हैं।
कपड़ा क्षेत्र पर चर्चा करते हुए गोयल ने कहा कि भारत वियतनाम-बांग्लादेश से पिछड़ रहा था, लेकिन अब यूरोप शुल्करहित है और अमेरिका ने टैरिफ 25 से घटाकर 18 प्रतिशत किया। इससे निर्यातक बांग्लादेश जितने लाभ पा सकेंगे।
एफटीए विश्वास, पारदर्शिता और समयबद्धता पर टिके हैं। भारत-ईएफटीए (आइसलैंड, लिक्टेंस्टीन, नॉर्वे, स्विट्जरलैंड) इसका उदाहरण है। पीएम मोदी की रिफॉर्म एक्सप्रेस से भारत चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बना, जल्द तीसरी बनेगा।
ये समझौते भारत को वैश्विक पटल पर मजबूत बनाते हुए घरेलू हितों की रक्षा करते हैं।