
नई दिल्ली में भारत की ब्रिक्स 2026 अध्यक्षता के तहत शेरपा और सूस-शेरपा की पहली दो दिवसीय बैठक 9-10 फरवरी को सफलतापूर्वक संपन्न हुई। आर्थिक संबंध सचिव सुधाकर दलेला की अध्यक्षता में आयोजित इस बैठक में ब्राजील, चीन, मिस्र, इथियोपिया, इंडोनेशिया, ईरान, रूस, सऊदी अरब, दक्षिण अफ्रीका और यूएई के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन-केंद्रित दृष्टिकोण पर आधारित चर्चाओं में स्वास्थ्य, कृषि, रोजगार, आपदा प्रबंधन, पर्यावरण, जलवायु परिवर्तन, ऊर्जा, नवाचार, डिजिटल तकनीक, सुरक्षा और वित्तीय सहयोग जैसे क्षेत्रों पर प्राथमिकताएं तय की गईं। विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर ने ‘लचीलापन, नवाचार, सहयोग और सतत विकास के लिए निर्माण’ थीम के साथ ब्रिक्स 2026 का लोगो और वेबसाइट लॉन्च की।
संस्थागत विकास, युवा संपर्क, खेल, संस्कृति, अकादमिक फोरम, थिंक टैंक, सिविल फोरम, बिजनेस काउंसिल और विमेंस बिजनेस एलायंस पर विस्तृत प्रस्तुतिकरण हुए। प्रतिनिधियों ने राष्ट्रीय हथकरघा संग्रहालय, हस्तकला अकादमी और अक्षरधाम मंदिर का भ्रमण भी किया।
हिमालयी शेरपा की भांति राष्ट्राध्यक्षों के प्रतिनिधि के रूप में ये शेरपा वर्ष भर नियमित संपर्क में रहेंगे। 13 जनवरी को शुरू हुई भारत की अध्यक्षता वैश्विक दक्षिण की एकजुटता को मजबूत करेगी।