
नई दिल्ली। शिवसेना (यूबीटी) की राज्यसभा सांसद प्रियंका चतुर्वेदी ने पाकिस्तान द्वारा टी20 वर्ल्ड कप में भारत के खिलाफ मैच बहिष्कार के फैसले से पलटने पर जोरदार हमला बोला। उन्होंने इसे मजाक करार देते हुए बीसीसीआई और पाकिस्तान दोनों की गंभीरता पर सवाल ठोके। साथ ही संसद की कार्यप्रणाली पर भी सरकार को आड़े हाथों लिया।
पाकिस्तान की इस हरकत को शर्मनाक बताते हुए प्रियंका ने कहा, ‘यह कैसा तमाशा है? पूरा देश बेचैन होकर पाकिस्तान के फैसले का इंतजार कर रहा था। अगर जरा सी शर्म बाकी होती तो साफ मना कर देते। पहले बहिष्कार का ढोल पीटना और फिर मुकर जाना, पाकिस्तान की गैर-जिम्मेदारी उजागर करता है।’
बीसीसीआई की भूमिका पर भी इशारा करते हुए उन्होंने कहा कि जनता हर कदम पर नजर रखे हुए है। ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के बाद प्रधानमंत्री की आतंक नीति—शून्य सहनशीलता, कोई व्यापार नहीं, कोई बातचीत नहीं—के बीच पाक के साथ क्रिकेट खेलना गंभीर सवाल खड़ा करता है।
संसद में ट्रेजरी बेंच का विपक्ष पर लगातार प्रहार और लोकतांत्रिक प्रक्रिया को कमजोर करने की कोशिश पर चतुर्वेदी ने निशाना साधा। पूर्व थलसेनाध्यक्ष की किताब समेत कई पुस्तकों का हवाला देकर हंगामा मचाने पर पीएम के सदन में न आने को लोकतंत्र के लिए खतरा बताया।
यह बयान भारत-पाक संबंधों के बीच क्रिकेट की भूमिका पर नई बहस छेड़ता है, जहां राष्ट्रीय भावना खेल से ऊपर उठती नजर आ रही है।