
कोलकाता। पश्चिम बंगाल विधानसभा के बजट सत्र के आखिरी दिन शनिवार को जोरदार हंगामा मच गया। सत्ताधारी तृणमूल कांग्रेस ने भाजपा की विधायक अग्निमित्रा पॉल के खिलाफ विशेषाधिकार हनन का प्रस्ताव पेश कर दिया। पूर्व फैशन डिजाइनर से राजनेता बनीं पॉल की शुक्रवार को सदन में की गई टिप्पणी से अल्पसंख्यक समुदाय की भावनाएं चुभ गई थीं।
कृषि एवं संसदीय कार्य मंत्री सोवनदेब चट्टोपाध्याय ने प्रस्ताव रखते ही भाजपा विधायकों ने तीखा विरोध शुरू कर दिया। भाजपा विधायक मिहिर गोस्वामी ने कहा कि हमारी विधायक स्पष्टीकरण देना चाहती थीं, सदन अध्यक्ष ने अनुमति दी और उन्होंने स्पष्ट किया भी। फिर भी यह प्रस्ताव अल्पसंख्यक मंत्रियों के दबाव में लाया गया।
सदन में पहले नारेबाजी हुई, फिर भाजपा सदस्य नारे लगाते हुए बाहर निकल गए। विधानसभा परिसर में भी उनका धरना-प्रदर्शन जारी रहा।
सभापति बिमान बंदोपाध्याय ने प्रस्ताव विशेषाधिकार समिति को सौंप दिया है। उधर, सरकार ने मुर्शिदाबाद विश्वविद्यालय का नाम मुर्शिदाबाद महाराजा कृष्णनाथ विश्वविद्यालय करने का विधेयक पारित कराया।
यह विश्वविद्यालय 2018 में कृष्णनाथ कॉलेज को अपग्रेड कर बनाया गया था। 1853 में बरहामपुर में स्थापित यह कॉलेज पश्चिम बंगाल का ऐतिहासिक शिक्षा संस्थान है। महाराजा कृष्णनाथ ने इसे सामाजिक सुधार व सांस्कृतिक एकता के लिए बनवाया था। नाम परिवर्तन से इसे गौरवपूर्ण पहचान मिलेगी।
यह घटना बंगाल की राजनीति में बढ़ते तनाव को दर्शाती है।