
नई दिल्ली। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने मानव रचना एजुकेशनल इंस्टीट्यूशंस के 2025-26 दीक्षांत समारोह में युवाओं को संबोधित करते हुए जिम्मेदाराना कार्य करने और समाज सेवा की अपील की। उन्होंने कहा कि यह डिग्री महज पढ़ाई का अंत नहीं, बल्कि देश के प्रति नई जिम्मेदारी की शुरुआत है।
अमृत काल के दूसरे चरण में करियर शुरू करने वाले ये छात्र भाग्यशाली हैं, जो 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने के लक्ष्य की ओर अग्रसर है। नड्डा ने जोर देकर कहा कि अवसरों के साथ जिम्मेदारियां भी हैं; युवा देश निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाएं। समाज ने सफलता दी, अब निस्वार्थ सेवा से लौटाएं।
मजबूत मूल्य, नैतिकता और जनसेवा के प्रति समर्पण रखें। पिछले 11 वर्षों में पीएम मोदी के नेतृत्व में स्वास्थ्य क्षेत्र में क्रांति हुई। छह से बढ़कर 23 एम्स बने, जिससे आधुनिक स्वास्थ्य नेटवर्क मजबूत हुआ। मातृ-शिशु स्वास्थ्य से लेकर टीबी-मलेरिया में उल्लेखनीय कमी आई।
आयुष्मान भारत, आरोग्य मंदिर और स्क्रीनिंग कार्यक्रमों से जेब खर्च घटा, स्वास्थ्य सुलभ हुआ। समारोह में 2150 छात्रों को डिग्रियां मिलीं—521 स्नातक, 58 स्नातकोत्तर, 11 पीएचडी—विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट उपलब्धि।