
नई दिल्ली में भारत निर्वाचन आयोग ने आगामी विधानसभा चुनावों की तैयारियों को मजबूत बनाने के लिए केंद्रीय पर्यवेक्षकों को विशेष ब्रीफिंग दी। असम, केरल, पुडुचेरी, तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल में होने वाले इन चुनावों के लिए कुल 1444 अधिकारियों को दिल्ली के भारत अंतरराष्ट्रीय लोकतंत्र एवं चुनाव प्रबंधन संस्थान में दो दिनों तक प्रशिक्षित किया जा रहा है।
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने चुनाव आयुक्त डॉ. सुखबीर सिंह संधू और डॉ. विवेक जोशी के साथ मिलकर इन बैठकों का संचालन किया। 5 और 6 फरवरी 2026 को तीन बैचों में आयोजित यह कार्यक्रम सामान्य, पुलिस और व्यय पर्यवेक्षकों के लिए है। ये 824 विधानसभा क्षेत्रों में स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव सुनिश्चित करेंगे।
कुमार ने पर्यवेक्षकों को आयोग का मार्गदर्शक बताया और निष्पक्षता पर जोर दिया। संधू ने उन्हें क्षेत्रीय अधिकारियों के मित्र व दार्शनिक बनने की सलाह दी, जबकि जोशी ने निर्देशों के अक्षरशः पालन और मतदाता सुविधाओं पर बल दिया।
संदेह निवारण सत्रों में मतदाता सूची, आईटी उपकरण, मीडिया प्रबंधन आदि पर चर्चा हुई। पर्यवेक्षकों को राजनीतिक दलों से जुड़ाव, शिकायत निपटान और पोलिंग बूथ निरीक्षण के निर्देश दिए गए। संविधान के अनुच्छेद 324 के तहत यह व्यवस्था चुनाव प्रक्रिया को पारदर्शी बनाएगी।