
आज की भागमभाग भरी जिंदगी में स्वस्थ रहना मुश्किल हो गया है। फिल्ममेकर विवेक रंजन अग्निहोत्री ने अपनी ‘सात्विक लाइफ’ से इसे आसान बना लिया है। यह कोई आध्यात्मिक नियम नहीं, बल्कि शरीर में सूजन दूर रखने का वैज्ञानिक तरीका है।
विवेक बताते हैं कि सात्विक मतलब शरीर के अनुकूल भोजन। मसालेदार, तैलीय खाने से तनाव और इंफ्लेमेशन बढ़ता है। इसलिए वे सिर्फ प्राकृतिक चीजें खाते हैं—फल, सब्जियां, अनाज, दालें। दुनिया के शीर्ष डॉक्टरों और नोबेल विजेताओं की 40 साल पुरानी रिसर्च इसे सबसे स्वस्थ साबित करती है।
जहां ऐसा भोजन न मिले, वे व्रत रख लेते हैं। इंटरमिटेंट फास्टिंग उनकी पारिवारिक परंपरा है—रात जल्दी खाना, सुबह देर तक उपवास। इससे शरीर को 12-16 घंटे आराम मिलता है। पतंजलि योग के अनुसार, सबसे सहज स्थिति चुनें। विवेक इसी पर जीते हैं—सात्विक जीवन और आरामदायक स्थिति।
मन का नियंत्रण भी जरूरी। वे न्यूनतमवाद अपनाते हैं, सिर्फ जरूरी सामान खरीदते हैं। किताबें उनकी एकमात्र कमजोरी, लेकिन अब इन्हें बांट भी रहे हैं। यह लाइफस्टाइल व्यस्त जीवन में भी फिटनेस का राज है।