
ओडिशा के गंजाम जिले की अदालत ने शुक्रवार को एक सनसनीखेज मामले में पांच अपराधियों को उम्रकैद की सजा सुनाई। यह सजा जून 2020 में बेरहामपुर शहर में एक व्यापारी के कार्यालय में लूट के दौरान की गई क्रूर हत्या से जुड़ी है। लंबोदर मुनि की हत्या ने पूरे इलाके को हिला दिया था।
घटना 13 जून 2020 की रात की है। हेरिटेज मिल्क प्रोडक्ट्स के वितरक महालक्ष्मी भंडार के मालिक मुनि हिलपटना स्थित अपने ऑफिस के गोदाम में सो रहे थे। तभी लुटेरों का एक गिरोह लूटपाट के इरादे से अंदर घुसा। उन्होंने न केवल 10 लाख रुपये नकद और 20-25 ग्राम सोने के आभूषण लूटे, बल्कि मुनि की निर्मम हत्या भी कर दी।
प्रारंभिक जांच जिला पुलिस ने गोसानिनुआगांव थाने में दर्ज एफआईआर के बाद शुरू की, लेकिन परिवार ने जांच में खामियों का हवाला देकर ओडिशा हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया। 27 सितंबर 2023 को हाईकोर्ट के आदेश पर क्राइम ब्रांच ने 1 दिसंबर 2023 को नया केस दर्ज कर जांच संभाली। रूपेश पाढ़ी उर्फ शिवा महाकुड, रंजीत साहू उर्फ नाका, श्रीनू पात्रा और शंकर साहू को गिरफ्तार किया गया।
आरोपियों से लूटी गई सोना-चांदी, नकदी और सामान बरामद हुआ, जिसकी पहचान मृतक की पत्नी, बेटों और बेटी ने की। अदालत ने 41 गवाहों के बयान, सीसीटीवी फुटेज और मोबाइल कॉल डिटेल्स जैसे पुख्ता सबूतों के आधार पर 28 जनवरी 2026 को दोषी करार दिया। शुक्रवार को सजा का फैसला आया।
यह फैसला न केवल मुनि परिवार को न्याय दिलाता है, बल्कि व्यापारियों के बीच सुरक्षा का संदेश भी देता है। ओडिशा पुलिस और न्यायपालिका की सतर्कता सराहनीय है।