
दिल्ली हाईकोर्ट ने गुरुवार को फिल्म अभिनेत्री सेलिना जेटली के भाई मेजर विक्रांत जेटली के यूएई हिरासत मामले में महत्वपूर्ण कदम उठाया। केंद्र सरकार की स्टेटस रिपोर्ट पर विचार करने के बाद अदालत ने सेलिना के वकील को अतिरिक्त हलफनामा दाखिल करने का समय दिया, जिसमें नए तथ्य दर्ज होंगे।
सेलिना लंबे समय से अपने भाई के लिए उचित कानूनी सहायता और जेल में संपर्क सुविधा की मांग कर रही हैं। उनका मानना है कि विक्रांत को अपने अधिकारों और सुरक्षा की पूरी जानकारी मिलनी चाहिए। इस मामले की अगली सुनवाई 3 फरवरी को निर्धारित है।
आईएएनएस से विशेष बातचीत में सेलिना ने कहा, ‘3 फरवरी को अगली तारीख है। मुझे पूर्ण विश्वास है कि विक्रांत के लिए अच्छी खबर आएगी। देशभर से उनके लिए प्रार्थनाएं हो रही हैं और सभी उनका इंतजार कर रहे हैं। सरकार और पीएम मोदी से यही गुजारिश है कि विक्रांत को सुरक्षित लौटाएं।’
उनके वकील राघव काकर ने बताया, ‘आज कोर्ट में सकारात्मक प्रगति हुई। हमें और जानकारी जुटाने का समय मिला है, मंगलवार तक सब स्पष्ट हो जाएगा। यह हमारे पक्ष में बहुत अच्छा है।’
जानकारी के अनुसार, पूर्व मेजर विक्रांत 2016 से यूएई में मैटीटी ग्रुप में नौकरी कर रहे थे। सितंबर 2024 में राष्ट्रीय सुरक्षा के आधार पर उन्हें हिरासत में लिया गया। एक साल से ज्यादा समय तक बिना कानूनी मदद या परिवार से संपर्क के वे कैद थे। शुरुआती 9 महीने गुप्त जगह पर रखे गए। सेलिना ने हाईकोर्ट में याचिका दायर कर सरकार से हस्तक्षेप की मांग की थी।
यह मामला विदेश में फंसे भारतीयों, खासकर पूर्व सैनिकों की मुश्किलों को उजागर करता है। 3 फरवरी की सुनवाई में क्या होगा, देश देख रहा है।