
अयोध्या में उत्तर प्रदेश जीएसटी विभाग के डिप्टी कमिश्नर प्रशांत कुमार सिंह ने मंगलवार को अपने पद से इस्तीफा दे दिया। यह फैसला शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के खिलाफ बयानों से उत्पन्न विवाद के बीच आया है। सिंह ने स्पष्ट कहा कि वे सरकार, सीएम और पीएम के प्रति अपनी निष्ठा के कारण यह कदम उठा रहे हैं।
अपने दो पेज के इस्तीफे को उन्होंने राज्यपाल को सीधे भेजा। मीडिया से बातचीत में सिंह भावुक हो गए। उन्होंने पत्नी को फोन पर रोते हुए बताया कि उन्होंने योगी के समर्थन में नौकरी छोड़ दी। सिंह ने कहा, ‘मैं रोबोट नहीं हूं जो सिर्फ सैलरी लेता रहूं। अगर मेरे राज्य के नेता पर कोई हमला बोले तो चुप नहीं रह सकता।’
विवाद की जड़ मौनी अमावस्या पर प्रयागराज के संगम घाट पर हुई घटना है। स्वामी ने आरोप लगाया कि उन्हें और शिष्यों को पवित्र स्नान से रोका गया तथा मारपीट की गई। प्रशासन ने इसे खारिज करते हुए बताया कि भारी भीड़ में भगदड़ रोकने के लिए रथ यात्रा की अनुमति नहीं दी गई। शिष्यों ने बैरिकेड तोड़ने की कोशिश की, जिस पर पुलिस ने हल्का बल प्रयोग कर उन्हें वापस लौटाया।
स्वामी की शंकराचार्य उपाधि की वैधता पर सुप्रीम कोर्ट में मामला लंबित होने से विवाद और भड़का। सिंह ने स्वामी के बयानों को बांटने वाला बताया। यह लगातार दूसरा इस्तीफा है। सोमवार को बरेली के सिटी मजिस्ट्रेट अलंकार अग्निहोत्री ने भी इसी तरह का कदम उठाया था।
उत्तर प्रदेश में धार्मिक और राजनीतिक माहौल तनावपूर्ण हो गया है। योगी सरकार के समर्थकों में यह घटना निष्ठा का प्रतीक बन रही है, जबकि विपक्ष इसे प्रशासनिक अस्थिरता का संकेत बता रहा है। आगे की कार्रवाई पर सबकी नजरें हैं।