
नई दिल्ली। पूर्व कांग्रेस नेता शकील अहमद ने राहुल गांधी की नेतृत्व शैली पर तीखा प्रहार किया है। आईएएनएस को दिए इंटरव्यू में उन्होंने राहुल की असुरक्षा, अभिमान और पार्टी की चुनावी नाकामियों पर खुलकर बोला।
राहुल को गंभीर नेता बताते हुए अहमद ने उनकी ‘पप्पू’ इमेज को मीडिया का करार दिया, जो भाषा की वजह से बनी। सोनिया गांधी की हिंदी पर महारत की तारीफ की, लेकिन राहुल के फिल्टर संपर्कों को समस्या बताया।
राहुल सीनियर नेताओं से असुरक्षित महसूस करते हैं, सिर्फ हां-बल्ले चाहते हैं। सोनिया ने पार्टी एकजुट की, राहुल नहीं कर सके। अहमद ने निजी सलाह देने पर कीमत चुकाने की बात कही।
राहुल अभिमानी हैं। थरूर को दरकिनार किया। नेहरू-गांधी परिवार तय करता है अध्यक्ष। प्रियंका की स्पीच जनता से जुड़ती है, उनमें स्वाभाविक भारतीय बोध है।
बिहार हार के लिए गुटबाजी, टिकट वितरण, भाजपा से आयातित उम्मीदवार जिम्मेदार। मुस्लिम वोट मोदी-विरोध पर दांव। टीम में सवर्ण हावी, पिछड़ों की बातें वोटबैंक।
थरूर, चिदंबरम, पायलट जैसे करिश्माई नेताओं को हाशिए पर धकेलने की चेतावनी दी। कांग्रेस को अनुभवी लोगों से जोड़ने की सलाह। पार्टी पुनरुद्धार के लिए आत्मचिंतन जरूरी।